गैरसैंण, अक्टूबर 29 -- ग्रीष्मकालीन राजधानी गैरसैंण में मौजूदा सरकार का अंतिम विधानसभा सत्र आरंभ से अवसान तक सत्ता-विपक्ष की तकरार में उलझा रहा। दस विधेयक पारित हुए, लेकिन मुद्दों पर सार्थक चर्चा की राह नहीं खुली। सदन में संवाद की जगह टकराव और सहमति की जगह खींचतान हावी रही। अब 2027 के विधानसभा चुनाव के बाद ही सदन फिर गुलजार होगा। परंपरा के मुताबिक, बुधवार को सत्र के अंतिम दिन विधायकों की ग्रुप फोटो होनी थी, लेकिन विपक्ष ने बहिष्कार कर दिया। विपक्षी विधायक सदन की सीढ़ियों पर धरने पर बैठ गए। उन्हें मनाने की कोशिशें भी हुईं, मान-मनुहार का दौर भी चला, लेकिन तकरार की दीवार नहीं ढही। आखिरकार, सत्र का समापन भी तल्खी और तनातनी के बीच हुआ।10 मिनट में 31 विधेयक पास विपक्ष के हंगामे के बीच विधानसभा में बुधवार को अनुपूरक बजट समेत दस विधेयक 31 मिनट मे...