29 साल पुरानी हत्या... न फोटो, न डिजिटल रिकॉर्ड, फिर कातिल तक कैसे पहुंची पुलिस?
नई दिल्ली, जुलाई 6 -- आज के दौर में किसी अपराध की जांच में सीसीटीवी कैमरे, मोबाइल लोकेशन और डिजिटल रिकॉर्ड बड़ी भूमिका निभाते हैं। लेकिन सोचिए, अगर कोई मामला उस समय का हो, जब ये सुविधाएं मौजूद ही नहीं थीं या फिर कातिल, आरोपी से जुड़े ये सबूत न हों, तब करीब तीन दशक बाद आरोपी तक पहुंचना कितना मुश्किल होगा। दिल्ली पुलिस ने ऐसा ही कर दिखाया है। करीब 29 साल पुराने हत्या के मामले में फरार चल रहे आरोपी मोहम्मद फहीम उर्फ अली भाई को दिल्ली पुलिस की क्राइम ब्रांच ने उत्तर प्रदेश के लखनऊ से गिरफ्तार किया है। इस गिरफ्तारी के साथ पुलिस ने अपनी सबसे पुराने लंबित हत्या के मामलों में से एक को सुलझाने का दावा किया है।1997 में हुई थी हत्या यह मामला 14 मार्च 1997 का है। उस समय पश्चिमी दिल्ली के रघुबीर नगर स्थित टीसी कैंप के एक कमरे से एक व्यक्ति का शव बरामद...
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