हापुड़, जून 23 -- इस बार निर्जला एकादशी 25 जून दिन गुरुवार को रवि योग, शिव योग, सिद्ध योग में मनाई जाएगी। एकादशी तिथि 24 जून दिन बुधवार को शाम 6 बजकर 12 मिनट से प्रारंभ होकर 25 जून दिन गुरुवार को रात 8 बजकर 9 मिनट तक रहेगी। व्रत पारण मुहूर्त 26 जून दिन शुक्रवार को सुबह 05 बजकर 24 मिनट से 8 बजकर 12 मिनट तक शुभ है। निर्जला एकादशी को भीमसेनी एकादशी भी कहते हैं। इस दिन अन्न और जल दोनों ग्रहण नहीं किए जाने की मान्यता है। इस एक व्रत से 24 एकादशियों के बराबर पुण्य मिलता हैं। ज्योतिर्विद पंडित सुबोध पाण्डेय ने बताया कि निर्जला एकादशी पर दूध या जल का सेवन कर सकते है। यह भी पढ़ें- इस बार शुभ योग में मनाई जाएगी निर्जला एकादशी दशमी के दिन से ही प्याज, लहसुन, मसूर की दाल, चावल का सेवन नहीं करना चाहिए। किसी दूसरे व्यक्ति द्वारा दिया अन्न कदापि ग्रहण न ...