अजमेर, जुलाई 4 -- हाई सिक्योरिटी जेल में 29 जून को हुई डकैत जगन गुर्जर की हत्या अब केवल एक हत्या का मामला नहीं रह गई है। पुलिस जांच में सामने आए तथ्यों ने इस वारदात के पीछे जेल के भीतर चल रही वर्चस्व की लड़ाई, गैंग कल्चर और सुरक्षा व्यवस्था पर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं। जांच के अनुसार, आरोपी विष्णु जाट ने यह हत्या किसी अचानक हुए विवाद में नहीं की, बल्कि लगातार मिल रहे तानों और जेल में अपना दबदबा स्थापित करने की मंशा से सुनियोजित तरीके से अंजाम दिया।'बड़ा अपराधी' बनने की चाह बनी हत्या की वजह पुलिस की पड़ताल में सामने आया है कि जेल के भीतर अपराधियों के बीच 'बड़े' और 'छोटे' अपराधी की छवि को लेकर लगातार मनोवैज्ञानिक दबाव बनाया जाता था। विष्णु जाट के खिलाफ अपेक्षाकृत छोटे आपराधिक मामले दर्ज होने के कारण उसकी गैंग के सदस्य भी उसे गंभीर अपराधी ...