120 साल पुराने मंदिर की किस्मत कैसे बदली? योगी आदित्यनाथ के गुरु के एक संकल्प ने रच दिया इतिहास
लखनऊ, जून 28 -- अनिल तिवारी/ अम्बेडकरनगर। उत्तर प्रदेश के अम्बेडकरनगर जिले में स्थित शहजादपुर मोहल्ले में श्रीराम जानकी सिद्धपीठ एक ऐसा मंदिर है जो 120 साल की आस्था,संघर्ष और पुनर्जागरण की जीवंत कहानी कहता है। आज यह मंदिर लाखों श्रद्धालुओं की आस्था का केंद्र बन चुका है। वर्ष 1904 में देश में अंग्रेजों का राज था। लेकिन, यहां के जमींदारों के मन में राम भक्ति की लौ जल रही थी। शहजादपुर के जमींदारों ने लगभग पांच बिस्वा जमीन भगवान राम को समर्पित की। उस जमीन पर एक मंदिर बनाया गया। वह मंदिर मिट्टी और गारे से बना था। उसकी दीवारें मोटी और मजबूत थीं। मंदिर सादा था लेकिन भक्ति से भरा हुआ था। श्रीराम-जानकी मंदिर का किया था निर्माण
मंदिर में भगवान श्रीराम, माता जानकी की स्थापना मंदिर में भगवान श्रीराम, माता जानकी, लक्ष्मण जी और बजरंगबली के विग्रह स्था...
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