नई दिल्ली, जुलाई 3 -- Income Tax Return 2026: अगर आपकी सैलरी पर पूरे साल एक भी रुपया TDS नहीं कटा है, तो यह मत मानिए कि आपका टैक्स भी जीरो है। आईटीआर भरते समय एफडी का ब्याज, सेविंग अकाउंट का ब्याज या दूसरी कमाई जोड़ते ही टैक्स अमाउंट आ सकता है। बजट 2025 में सरकार ने नए टैक्स रिजीम के तहत सेक्शन 87A की टैक्स छूट की लिमिट को बढ़ाकर 12 लाख रुपये कर दिया था। स्टैंडर्ड डिडक्शन 75,000 रुपये जोड़ने पर करीब 12.75 लाख रुपये तक की सैलरी वाले कर्मचारियों की सैलरी से आमतौर पर पूरे साल टीडीएस नहीं कटता। यहीं से सबसे बड़ी गलतफहमी शुरू होती है। कई लोग सोचते हैं कि जब टैक्स डिडक्टेड एट सोर्स (TDS) नहीं कटा, तो टैक्स भी नहीं देना होगा। लेकिन ऐसा हमेशा नहीं होता।सैलरी के आधार पर कटता है टीडीएस दरअसल, आपका नियोक्ता (Employer) सिर्फ आपकी सैलरी के आधार पर टीड...