बांदा, अप्रैल 7 -- बांदा। वाहन स्वामी ने बोलेरो खरीदने के बाद बीमा कंपनी से बीमा कराया। इसी बीच उसकी लखनऊ से बोलेरो चोरी हो गई। बीमा कंपनी में क्लेम किया तो अधिकारियों ने तमाम बहाने बनाकर क्लेम निरस्त कर दिया। पीड़ित ने उपभोक्ता आयोग में वाद दायर किया। करीब 11 वर्ष के बाद पीड़ित को न्याय मिला। आयोग ने बीमा कंपनी को 11 वर्ष की ब्याज जोड़कर बीमा की धनराशि अदा करने के आदेश दिए। साथ ही 15 हजार रुपये जुर्माना किया। धनराशि अदा करने को 45 दिन की मोहलत दी है। बिसंडा कस्बा निवासी मनोज सिंह ने 21 जून 2011 में बोलेरो कार खरीदी थी। एआरटीओ कार्यालय में पंजीयन कराने के साथ यूनाइटेड इंडिया इंश्योरेंस कंपनी स्टेशन रोड, पीलीकोठी के एजेंट अवधेश गुप्ता के जरिए वाहन बीमा कराया। इसकी अवधि सात जून 2012 से छह जून 2013 तक थी। मनोज सिंह के पिता पूर्व चेयरमैन बैजन...
Click here to read full article from source
इस लेख के रीप्रिंट को खरीदने या इस प्रकाशन का पूरा फ़ीड प्राप्त करने के लिए, कृपया
हमे संपर्क करें.