औरैया, नवम्बर 28 -- सदर कोतवाली क्षेत्र के कस्बा खानपुर में 11 साल पुराने प्राणघातक हमले के मामले में न्यायालय ने शुक्रवार को निर्णय सुनाया। न्यायाधीश प्रथम, परुल जैन की अदालत ने आरोपी विवेक दीक्षित उर्फ लल्लू दीक्षित निवासी प्रेमानंद आश्रम तिलक नगर औरैया को दोषी मानते हुए 10 साल के साधारण कारावास और 5,000 रुपये अर्थदंड की सजा सुनाई। आरोपी के पिता गोविंद नारायण दीक्षित को अदालत ने निर्दोष मानते हुए बरी कर दिया। मामले का विवरण वर्ष 2014 का है। 19 मई 2014 को दोपहर लगभग 12 बजे यूनिस व उसका साला खलील अहमद पुत्र मन्नी औरैया से खानपुर जा रहे थे। जैसे ही खानपुर में धर्मशाला के पास पहुंचे तो विवेक दीक्षित और उनके पिता गोविंद नारायण दीक्षित ने उनके साथ गाली-गलौज करते हुए अवैध वसूली करने का प्रयास किया। इसी दौरान विवेक ने जान से मारने की नीयत से फा...
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