हरिद्वार, फरवरी 11 -- श्रावण कांवड़ मेले में आस्था और सामाजिक संस्कारों की अनोखी मिसाल सामने आई है। बिजनौर जनपद के धामपुर स्योहारा निवासी 102 वर्षीय मान सिंह की अंतिम इच्छा गंगा दर्शन और कांवड़ लाने की थी। इसे उनके तीनों पौत्रों ने पूरा करने का संकल्प लिया। पौत्रों ने बुजुर्ग मान सिंह को बहंगी में बैठाकर पहले हरिद्वार में गंगा स्नान कराया। इसके बाद गंगा जल लेकर पैदल गंतव्य की ओर रवाना हो गए। लगभग 150 किलोमीटर की पैदल कांवड़ यात्रा कराते हुए वे दादा की इच्छा पूर्ण करने में जुटे हैं। कांवड़ मार्ग पर अन्य श्रद्धालु इस दृश्य को देखकर भावुक हो उठे और युवकों की सराहना करते नजर आए। हर-हर महादेव के जयघोष के बीच यह अनूठी कांवड़ यात्रा आस्था, सेवा और संस्कारों की जीवंत तस्वीर बन गई है।

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