देवरिया, अप्रैल 6 -- कुशीनगर। 10 से 19 साल के विद्यार्थियों में बढ़ती मानसिक समस्या के समाधान में राष्ट्रीय मानसिक स्वास्थ्य कार्यक्रम काफी मददगार साबित हो रहा है। जनपद मुख्यालय स्थित मेडिकल कॉलेज में असिस्टेंट प्रोफेसर, मनोचिकित्सक, काउंसलर और अन्य की टीम विद्यालयों में संपर्क कर ऐसे बच्चों विद्यार्थियों को चिह्नित कर उनकी काउंसलिंग कर रही है। इसके साथ-साथ सरकार की तरफ से संचालित टेली मानस हेल्पलाइन नंबर भी इसमें कारगर बताया जा रहा है। वर्तमान में परीक्षा परिणाम का इंतजार एवं उचित स्ट्रीम चुनाव की उधेड़बुन विद्यार्थियों के मानसिक स्वास्थ्य एवं सामाजिक जीवन पर गहरा प्रभाव डाल रही है। इसके चलते पिछले कई वर्षों से कुछ घातक परिणाम जैसे आत्महत्या, घर छोड़कर चले जाने सरीखे कदम उठा ले रहे हैं या फिर किसी मानसिक बीमारी के शिकार हो जा रहे हैं। यह...
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