प्रयागराज, सितम्बर 28 -- प्रयागराज, संवाददाता। एनसीजेडसीसी के सभागार में सोमवार को हिंदी पखवाड़ा के अंतर्गत युवा कवि सम्मेलन का आयोजन किया गया। कृष्णकांत 'कामिल' की पंक्तियों 'रंज सहते रहे मुस्कुराते रहे, साथ हम जिंदगी का निभाते रहे' पर श्रोताओं ने खूब तालियां बजाई। कवयित्री आयुषी त्रिपाठी ने 'नए भारत का देखो हो रहा उद्भव तिरंगे में, किया बेटी ने भी जय हिंद का कलरव तिरंगे में' पंक्तियां सुनाकर तालियां बटोरी। अभिजीत मिश्र ने पंक्तियां जो अपना एक वेश है, अशेष है..अशेष है सुनाकर श्रोताओं को मंत्रमुग्ध किया। मंच पर आकांक्षा बुंदेला व आशीष ने काव्य पाठ किया।इसी क्रम में सोशल मीडिया : हिंदी विकास की संभावनाएं या चुनौतियां विषय पर वाद-विवाद प्रतियोगिता हुई। जिसमें स्कूलों के 30 प्रतिभागियों ने हिस्सा लिया। वहीं हिंदी के विकास में कला और संस्कृति...