नई दिल्ली, जून 24 -- नई दिल्ली, विशेष संवाददाता। सुप्रीम कोर्ट ने बुधवार को कहा कि निजी मेडिकल कॉलेजों को सरकारी संस्थानों के बराबर शुल्क लेने के लिए मजबूर नहीं किया जा सकता। शीर्ष अदालत ने कहा है कि यदि ऐसा किया गया तो सारे निजी मेडिकल कॉलेज बंद हो जाएंगे। जस्टिस बीवी नागरत्ना और जॉयमाल्य बागची की पीठ ने निजी मेडिकल कॉलेजों में शुल्क को चुनौती देने वाली याचिका को खारिज करते हुए यह टिप्पणी की। पीठ ने राजस्थान हाईकोर्ट के फैसले के खिलाफ आर्थिक रूप से कमजोर वर्ग (ईडब्ल्यूएस) के एक छात्र की अपील को खारिज कर दिया। हाईकोर्ट ने निजी मेडिकल कॉलेजों में शुल्क को कम करने या सरकारी संस्थानों के बराबर करने से इनकार कर दिया था। यह भी पढ़ें- ... तो सारे निजी मेडिकल कॉलेज हो जाएंगे बंद- सुप्रीम कोर्ट मामले की सुनवाई के दौरान जस्टिस नागरत्ना ने कहा कि '...