प्रयागराज, मई 22 -- प्रयागराज। खून में बनने वाले थक्कों (ब्लड क्लॉट) की गंभीर समस्या से राहत दिलाने के लिए मक्खी के लार्वा से दवा विकसित की जाएगी। इलाहाबाद विश्वविद्यालय जन्तु विज्ञान विभाग के वैज्ञानिकों को भारतीय आयुर्विज्ञान अनुसंधान परिषद (आईसीएमआर) नई दिल्ली रिसर्च प्रोजेक्ट मिला है, जिसके तहत वैज्ञानिकों की टीम ब्लो फ्लाई यानी मॉस मक्खी के लार्वा से ऐसे जैविक तत्व की खोज करेंगे, जो शरीर में बनने वाले खून के थक्कों को रोकने या घोलने में सक्षम हों। 'डेवलपमेंट ऑफ ए नॉवेल थ्रॉम्बोलाइटिक ड्रग कैंडिडेट्स फ्रॉम द ब्लो फ्लाई लार्वा' नामक इस प्रोजेक्ट का नेतृत्व जन्तु विज्ञान विभाग के डॉ. रामराज पी कर रहे हैं, जबकि डॉ. अरिंदम बंद्योपाध्याय इसके सह-अन्वेषक हैं। यह भी पढ़ें- आईआईटी बीएचयू के स्कूल ऑफ बायोकेमिकल इंजीनियरिंग के डॉ. आदित्य कुमार ...