नई दिल्ली, अगस्त 31 -- नेपाल में आई विनाशकारी बाढ़ और हिमालयी क्षेत्र में ग्लेशियरों की अस्थिरता ने भारत की चिंता बढ़ा दी है। खासतौर पर उत्तराखंड में ग्लेशियर और ग्लेशियल झीलों की निगरानी तेज कर दी गई है। उत्तराखंड के आपदा प्रबंधन मंत्री मदन कौशिक ने अधिकारियों को राज्य में मौजूद ग्लेशियरों और ज्ञात ग्लेशियल झीलों पर लगातार नजर रखने के निर्देश दिए हैं। वैज्ञानिकों का फोकस हैंगिंग ग्लेशियर पर भी है। ये ऐसे बर्फीले हिस्से होते हैं जो बेहद खड़ी पहाड़ी ढलानों या ऊंची घाटियों में स्थित रहते हैं और बड़े ग्लेशियरों से अलग हो सकते हैं। यह भी पढ़ें- नेपाल से पानी आने के बाद बड़ी गंडक उफनाई, कुशीनगर में फिर मंडराया बाढ़ का खतरा अप्रैल 2026 में प्रकाशित रिसर्च में मध्य हिमालय के अलकनंदा बेसिन में 219 हैंगिंग ग्लेशियरों की पहचान की गई। इनका कुल क्षेत...