नई दिल्ली, अप्रैल 22 -- एमएस धोनी की अगुवाई में भारत ने 2011 में वनडे वर्ल्ड कप जीतने का कारनामा अंजाम दिया था। भारत ने तब 28 साल का सूखा खत्म किया था। भारत 1983 में पहली बार चैंपियन बना था। धोनी ब्रिगेड घरेलू मैदान पर वर्ल्ड कप जीतने वाली पहली टीम थी। हालांकि, यह सफलता कुछ मुश्किल सिलेक्शन फैसलों की कीमत पर मिली थी। ऐसा ही एक नाम रोहित शर्मा का था। वह बड़े स्टेज पर देश का प्रतिनिधित्व करने से चूक गए थे। रोहित इस झटके के बावजूद व्हाइट बॉल क्रिकेट में भारत के सबसे सफल बल्लेबाजों में से एक बने। रोहित को 2011 वर्ल्ड कप स्क्वॉड से बाहर रखने का फैसला टीम के डायनामिक्स पर आधारित था। उस समय टीम इंडिया के चीफ सिलेक्टर कृष्णमाचारी श्रीकांत थे। उन्होंने बताया कि मैनेजमेंट ने 1983 की जीत जैसा ही ब्लूप्रिंट फॉलो किया, जिसमें स्पेशलिस्ट के बजाय मल्टी ...