औरैया, मई 21 -- अजीतमल, संवाददाता। क्षेत्र में आयोजित श्रीमद्भागवत कथा में गुरुवार को श्रीकृष्ण जन्मोत्सव प्रसंग का अत्यंत भावपूर्ण वर्णन किया गया। जैसे ही मध्यरात्रि में भगवान श्रीकृष्ण के प्राकट्य की कथा प्रारंभ हुई, पूरा कथा पंडाल 'नंद के आनंद भयो, जय कन्हैया लाल की' के जयघोष से गूंज उठा। श्रद्धालु भक्ति रस में सराबोर होकर झूमने लगे और वातावरण पूरी तरह भक्तिमय हो गया। कथावाचक पंडित राम नरेश पांडेय ने अत्याचारी कंस के अत्याचारों, देवकी और वसुदेव के कारागार जीवन तथा भगवान श्रीकृष्ण के अवतरण की दिव्य लीला का जीवंत वर्णन किया। उन्होंने बताया कि किस प्रकार घोर संकट और अंधकार के बीच भगवान श्रीकृष्ण ने जन्म लिया और वसुदेव जी उन्हें यमुना नदी पार कर गोकुल लेकर पहुंचे, जहां नंद बाबा और यशोदा मैया के स्नेह में उनका पालन-पोषण हुआ。 यह भी पढ़ें- श्...