नई दिल्ली, जुलाई 30 -- सुप्रीम कोर्ट ने गुरुवार को बिहार सरकार से पूछा कि राज्य सरकार में पंचायती राज मंत्री बिना किसी सदन का सदस्य नियुक्त हुए बगैर छह माह से अधिक समय से मंत्री कैसे बने हुए हैं। शीर्ष अदालत प्रकाश को मंत्री पद से हटाने की मांग को लेकर दाखिल याचिका पर विचार करते हुए राज्य सरकार से टिप्पणी की। मुख्य न्यायाधीश सूर्यकांत, न्यायमूर्ति जॉयमाल्या बागची और न्यायमूर्ति वी. मोहना की पीठ ने बिहार से पूछा कि 'पंचायती राज मंत्री दीपक प्रकाश अपने पद पर क्यों बने हुए हैं, जबकि वह न तो विधानसभा के सदस्य हैं और न ही विधान परिषद के। सीजेआई ने कहा कि यह पूरी तरह से कानून का सवाल है। राज्य सरकार को यह बताना होगा कि कोई मंत्री बिना चुने गए छह महीने से अधिक समय तक कैसे पद पर बना हुआ है। इस बारे में राज्य सरकार को मंगलवार यानी 4 अगस्त अपना जवा...