नई दिल्ली, जुलाई 16 -- उत्तर प्रदेश पुलिस ने गुरुवार को सुप्रीम कोर्ट को बताया कि पूर्व मंत्री अजय मिश्रा और उनके बेटे आशीष (इन पर 2021 में लखीमपुर खीरी में चार लोगों की हत्या का आरोप है) गवाहों को डराने-धमकाने के कथित मामले में शामिल नहीं थे और न ही उन पर कोई चार्जशीट दाखिल की गई है। मुख्य न्यायाधीश सूर्यकांत और न्यायमूर्ति जॉयमाल्या बागची एवं न्यायमूर्ति वी. मोहना की पीठ को यह भी बताया गया कि इस मामले में सुनवाई अगले तीन महीनों में पूरी होने की संभावना है। पीठ ने सुनवाई में प्रगति और उसके सामने दाखिल नई स्थिति रिपोर्ट पर गौर करने के बाद आशीष मिश्रा की जमानत अर्जी पर सुनवाई टाल दी। अब इस मामले की सुनवाई अगले महीने होगी।पीठ ने कहा कि अमनदीप सिंह नाम के व्यक्ति के खिलाफ आरोपपत्र दाखिल किया गया है और मामले का संज्ञान लिया गया है। जहां तक अज...