नई दिल्ली, सितम्बर 8 -- सुप्रीम कोर्ट ने मंगलवार को देश में कानूनी शिक्षा के लिए एक 'विशेषज्ञ निकाय' की जरूरत पर बल दिया। शीर्ष अदालत ने लॉ पाठ्यक्रम के सिलेबस और अवधि की समीक्षा के लिए एक शिक्षा आयोग बनाने की मांग वाली याचिका पर विचार करते हुए यह टिप्पणी की। मुख्य न्यायाधीश सूर्यकांत, न्यायमूर्ति जॉयमाल्या बागची और न्यायमूर्ति वी. मोहना की पीठ ने याचिका में उठाए गए मुद्दे को 'महत्वपूर्ण' बताया। पीठ ने कहा कि यह विशेषज्ञ निकाय का दौर है और कानूनी शिक्षा के लिए भी एक विशेषज्ञ निकाय होनी चाहिए। मुख्य न्यायाधीश ने कहा कि 'यह एक महत्वपूर्ण मुद्दा है और इसमें भारत सरकार की अहम भूमिका है। यह भी पढ़ें- कानूनी शिक्षा के लिए विशेषज्ञ निकाय की जरूरत- सुप्रीम कोर्ट उन्हें इस पर कुछ कदम उठाने चाहिए। याचिका में कहा गया कि बीए-एलएलबी और बीबीए-एलएलबी को...