'आषाढ़ का एक दिन' की भावपूर्ण प्रस्तुति ने मंत्रमुग्ध किया
पटना, जुलाई 17 -- प्रेमचंद रंगशाला में शुक्रवार को सांस्कृतिक संस्था इमैजिनेशन, बिहार द्वारा नाटककार मोहन राकेश के कालजयी नाटक 'आषाढ़ का एक दिन' का मंचन किया गया। रंगनिर्देशक कुंदन कुमार के निर्देशन में प्रस्तुत इस नाटक ने प्रेम, सृजन, महत्वाकांक्षा, त्याग और मानवीय संबंधों की जटिलताओं को संवेदनशीलता के साथ मंच पर जीवंत किया। नाटक ने कालिदास और मल्लिका के प्रेम, विछोह और अंतर्द्वंद्व को प्रभावी ढंग से उभारा। उज्जयिनी के राजदरबार का आकर्षण और राजकवि की प्रतिष्ठा कालिदास को जन्मभूमि से दूर ले जाती है। निर्देशक कुंदन कुमार ने मोहन राकेश की मूल संवेदना को अक्षुण्ण रखते हुए नाटक के संवादों, प्रतीकों और दृश्य संरचना के माध्यम से पात्रों के मनोवैज्ञानिक संघर्ष को सफलतापूर्वक प्रस्तुत किया। यह भी पढ़ें- नाटक ए जर्नी फ़ॉर फ्रीडम ने बाबू कुंवर सिंह ...
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