प्रयागराज, दिसम्बर 11 -- ​इलाहाबाद हाईकोर्ट ने एक महत्वपूर्ण आदेश में न्यायिक अनुशासन और जमानत देने में एकरूपता बनाए रखने को भैंस चोरी के एक मामले के अभियुक्त को बड़ी राहत देते हुए उसकी एक लाख की जमानत राशि और दो जमानतदार की शर्त को घटाकर मात्र पांच हजार रुपये का निजी मुचलका और एक जमानतदार कर दिया है। साथ ही बरेली के अपर सत्र न्यायाधीश से स्पष्टीकरण मांगा है कि उन्होंने उच्च न्यायालय और सर्वोच्च न्यायालय द्वारा निर्धारित जमानत और जमानतदारों के संदर्भ में दिशा निर्देशों का पालन क्यों नहीं किया। यह आदेश न्यायमूर्ति विनोद दिवाकर ने पप्पू मेट उर्फ पप्पू की याचिका पर सुनवाई करते हुए दिया है।​ याचिका के अनुसार याची की जमानत एक लाख रुपये के मुचलके और इतनी ही राशि की दो जमानत पर मंजूर की गई थी। कहा गया कि याची अत्यंत गरीब है और इतनी बड़ी राशि का ...