रुडकी, मार्च 1 -- उत्तराखंड के बहुचर्चित एलयूसीसी घोटाले के खिलाफ आक्रोश की आग अब सड़कों पर उतर आई है। अपनी जीवनभर की कमाई गंवा चुके पीड़ित और ठगे गए एजेंट अब न्याय के लिए देश के सर्वोच्च पद राष्ट्रपति के द्वार खटखटाने निकल पड़े हैं। बीते 25 फरवरी को श्रीनगर गढ़वाल से शुरू हुई पैदल यात्रा रविवार को हरिद्वार जिले के मंगलौर पहुंची। यहां पहुंचने पर आक्रोशित एजेंटों और पीड़ितों ने सरकार के खिलाफ जमकर नारेबाजी की और प्रदर्शन किया। यात्रा में शामिल दर्जनों महिलाएं दिल्ली की ओर बढ़ रही हैं। प्रदर्शनकारियों का कहना है कि एलयूसीसी कंपनी ने पहाड़ों की भोली-भाली जनता और महिलाओं से करोड़ों रुपये ठग लिए। प्रदर्शन कर रहे एजेंटों ने बताया कि उन्होंने कंपनी के वादों पर भरोसा कर अपने रिश्तेदारों और पड़ोसियों का पैसा निवेश कराया था। अब कंपनी भाग गई है और ल...