रिषिकेष, दिसम्बर 11 -- ग्रामीण विकास संस्थान एचआईएचटी, स्वामी राम हिमालयन विवि (एचआरएचयू) की ओर से गुरुवार को अंतर्राष्ट्रीय पर्वत दिवस मनाया गया, जिसमें विशेषज्ञों ने हिमालय एवं उसके संसाधनों के संरक्षण पर विचार-विमर्श किया। एसआरएचयू के कुलपति डॉ. राजेंद्र डोभाल ने हिमालयी ग्लेशियरों को जल, भोजन और आजीविका की आधारशिला बताते हुए उनके संरक्षण को सामाजिक एवं संस्थागत साझा जिम्मेदारी बताया। प्रो. एचपी उनियाल, सलाहकार एसआरएचयू एवं पूर्व निदेशक, राज्य योजना आयोग उत्तराखंड ने पर्वतीय पारितंत्र, उसका महत्व एवं उत्तराखंड द्वारा प्रदान की जाने वाली सेवाएं विषय पर वैज्ञानिक दृष्टि से महत्वपूर्ण प्रस्तुति दी। उन्होंने जैव-विविधता, प्राकृतिक संसाधनों और पारंपरिक ज्ञान प्रणालियों के संरक्षण की आवश्यकता पर विशेष बल दिया। थ्रीश कपूर, मुख्य कार्यकारी अधि...
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