हरिद्वार, मार्च 24 -- गुरुकुल कांगड़ी विवि के कन्या गुरुकुल परिसर के मनोविज्ञान विभाग में आयोजित दो दिवसीय कार्यशाला में हिप्नोथेरेपी को वैज्ञानिक और प्रभावी चिकित्सा पद्धति बताते हुए विशेषज्ञों ने इसके विभिन्न उपयोगों की जानकारी दी। नोएडा से आई मनोवैज्ञानिक सलाहकार निधि कोटियाल ने बताया कि हिप्नोथेरेपी का इतिहास हजारों वर्ष पुराना है और इसका उपयोग प्राचीन समय से उपचार में होता रहा है। उन्होंने कहा कि यह पद्धति दर्द प्रबंधन, चिंता, अवसाद और बुरी आदतों को छोड़ने में सहायक है। साथ ही स्पष्ट किया कि यह कोई जादू नहीं, बल्कि सुरक्षित प्रक्रिया है, जिसमें व्यक्ति पूरी तरह सचेत रहता है। सम्मोहन चिकित्सक ताशी गर्ग ने छात्राओं को विश्राम तकनीकों का अभ्यास कराया और मानसिक एकाग्रता के महत्व पर प्रकाश डाला। कार्यशाला में छात्राओं ने उत्साहपूर्वक भाग ...
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