पीलीभीत, मार्च 7 -- पीलीभीत। हृदयाघात के गंभीर मरीजों के लिए स्वशासी राज्य चिकित्सा महाविद्यालय एवं संबद्ध चिकित्सालय में विशेष उपचार की व्यवस्था की गई है। अस्पताल प्रशासन के अनुसार हृदयाघात की स्थिति में समय पर उपचार मिलने से मरीज की जान बचाई जा सकती है। अस्पताल में ऐसे मरीजों के लिए बेड संख्या 17 और 19 निर्धारित किए गए हैं, जहां हृदयाघात की आशंका वाले मरीजों को तत्काल भर्ती कर उपचार दिया जाता है। आपातकालीन प्रभारी डॉ. सत्यपाल सिंह ने बताया कि हृदयाघात के दौरान अचानक तेज सीने में दर्द, सांस लेने में तकलीफ, अधिक पसीना आना, घबराहट तथा दर्द का बाएं हाथ, गर्दन या जबड़े तक फैलना जैसे लक्षण दिखाई दे सकते हैं। ऐसे लक्षण होने पर मरीज को तुरंत अस्पताल ले जाना चाहिए। मेडिकल कॉलेज में हृदय की अवरुद्ध धमनी में बने रक्त के थक्के को घोलने वाली विशेष द...
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