हाथरस, मार्च 13 -- हाथरस,कार्यालय संवाददाता। कोतवाली सिकंदराराऊ क्षेत्र के गांव फुलरई मुगलगढ़ी में हुए सत्संग हादसे में गुरुवार को न्यायालय में सुनवाई हुई। इस दौरान महिला दरोगा सुषमा देवी की गवाही पूरी की गई। गांव फुलरई मुगलगढ़ी में 2 जुलाई 2024 को सत्संग के बाद मची भगदड़ में 121 लोगों की मौत हो गई थी। दरोगा सुषमा देवी वर्तमान में शाहजहांपुर के महिला थाने में तैनात हैं। घटना के समय वह हाथरस के महिला थाने में कार्यरत थीं और उनकी ड्यूटी घटनास्थल पर लगी हुई थी। आरोपी पक्ष के अधिवक्ता मुन्ना सिंह पुंढ़ीर ने बताया कि सुषमा देवी ने अपनी गवाही में कहा कि वह मंच के सामने बनी रंगोली से लोगों को फूल उठाने से मना कर रही थीं। इसी दौरान वह भीड़ में फंस गईं और भगदड़ के रेले में हाईवे के उस पार चली गईं। सुषमा देवी ने बताया कि वह एक गड्ढे में गिर गईं और ...