प्रयागराज, जून 27 -- इलाहाबाद हाईकोर्ट ने एपीओ भर्ती के एक अभ्यर्थी को राहत देते हुए उसे मुख्य परीक्षा में बैठने की अनुमति प्रदान की है। यह आदेश न्यायमूर्ति सिद्धार्थ नंदन ने लवली की याचिका पर उसके अधिवक्ता अनुराग त्रिपाठी को सुनकर दिया है। याची के अधिवक्ता अनुराग त्रिपाठी का कहना है कि याची ने प्रारंभिक परीक्षा उत्तीर्ण करने के बाद निर्धारित समय सीमा के भीतर ऑनलाइन फॉर्म भरा और 15 मई को हार्ड कॉपी व सभी आवश्यक दस्तावेज़ भेजे, जो ट्रैकिंग रिपोर्ट के अनुसार 18 जून को आयोग कार्यालय में प्राप्त हो गए। इसके बावजूद आयोग ने याची की अभ्यर्थिता इस आधार पर रद्द कर दी कि ऑनलाइन फॉर्म का प्रिंटआउट नहीं भेजा गया। यह भी पढ़ें- प्रेम संबंधों को अपराध का रंग देने की बढ़ती प्रवृत्ति चिंताजनक, हाईकोर्ट ने रद्द किया दुष्कर्म का केस कोर्ट ने मामले को विचारण...