प्रयागराज, अक्टूबर 1 -- Allahabad Highcourt: इलाहाबाद हाईकोर्ट ने बड़ा फैसला सुनाते हुए उत्तर प्रदेश के शिक्षामित्रों को स्पेशल शिक्षक पात्रता परीक्षा 2026 में शामिल करने की मांग वाली याचिका को खारिज कर दिया है। कोर्ट ने स्पष्ट किया कि स्पेशल टीईटी कोई नई भर्ती प्रक्रिया नहीं है, बल्कि सेवारत (इन-सर्विस) नियमित शिक्षकों के लिए सुप्रीम कोर्ट के आदेशानुसार अनिवार्य योग्यता पूरी करने का एक विशेष अवसर है। यह आदेश न्यायमूर्ति मंजूरानी चौहान ने वसीम अहमद समेत 221 शिक्षामित्रों की याचिका पर सुनवाई करते हुए दिया है। मामले के तथ्यों के अनुसार ​उत्तर प्रदेश शासन ने गत दो सितंबर को एक शासनादेश जारी किया था, जिसके तहत उत्तर प्रदेश शिक्षा सेवा चयन आयोग को स्पेशल टीईटी आयोजित करने के निर्देश दिए गए थे। इसके बाद आयोग ने गत तीन सितंबर को परीक्षा की अधिसू...