प्रयागराज, मार्च 17 -- प्रयागराज, विधि संवाददाता। इलाहाबाद हाईकोर्ट की न्यायमूर्ति मंजूरानी चौहान ने कहा कि हर सफल समाज के पीछे महिला का त्याग शामिल होता है। मेहनत का कोई विकल्प नहीं होता। कर्म करना हमारे हाथ में है और परिणाम की चिंता हमें नहीं करना चाहिए। वह मंगलवार को अधिवक्ता परिषद काशी प्रांत की उच्च न्यायालय इकाई की ओर से हाईकोर्ट बार के लाइब्रेरी हाल में अंतर्राष्ट्रीय महिला दिवस के अवसर पर आयोजित कार्यक्रम में महिला अधिवक्ताओं को बतौर मुख्य अतिथि संबोधित कर रहीं थीं।न्यायमूर्ति मंजूरानी चौहान ने महिलाओं के समक्ष न्यायालय में आने वाली चुनौतियों पर कहा कि कड़ी मेहनत, ईमानदारी, निष्ठा और निरंतरता से सफलता अवश्य मिलती है। उन्होंने महिला अधिवक्ताओं का साहसी बनने का आह्वान किया। उन्होंने कहा कि छोटी छोटी बातों को छोड़कर आगे बढ़ने की जरूर...