प्रयागराज, मार्च 19 -- प्रयागराज, वरिष्ठ संवाददाता। गरीबी सूचकांक, आर्थिक सुधार के सूचकांक तो आपने बहुत देखे और सुने होंगे, लेकिन पहली बार कोई देश के प्रत्येक जिले में जाकर वहां का सांस्कृतिक सूचकांक तैयार कर रहा है। झूंसी निवासी उत्कर्ष सिन्हा ने इस प्रयास को जिलाधिकारी मनीष कुमार वर्मा से साझा किया तो डीएम ने भी उनकी तारीफ की।एमबीए और सीएस कर चुके उत्कर्ष का सांस्कृतिक गतिविधियों में रुझान था तो उन्होंने भारत आर्ट कान्क्लेव नाम की संस्था बनाई और इसके तहत हर जगह प्रदर्शनियां लगाईं। उत्कर्ष ने महाकुम्भ पर पुस्तक भी लिखी और इस पर खुद की तस्वीरों से तैयार किया हुआ एक कैलेंडर भी बनाया, जिसे उन्होंने डीएम को उपहार स्वरूप दिया भी। उत्कर्ष का कहना है कि वो कल्चरल इंडेक्स इसलिए तैयार कर रहे हैं, जिससे जानकारी हो सके कि किस जिले का मिजाज कैसा है,...