मोतिहारी, अप्रैल 30 -- पहाड़पुर। हरी खाद वह सहायक फसल है, जिसे मुख्य रूप से मिट्टी में पोषक तत्वों (विशेषकर नाइट्रोजन)को वापस लाने और मिट्टी की संरचना में सुधार के लिए उगाया जाता है। रबी फसलों की कटाई के बाद कुछ ऐसी फसल उगाई जाती है जिन्हें फूल आने की अवस्था में ही जोत कर मिट्टी में मिला दिया जाता है। इससे वह हरी खाद का रूप में मिट्टी को अधिक उर्वर बनाती है। वही मूंग से अतिरिक्त आय भी प्राप्त होता है। यह भी पढ़ें- मूंग व उर्द की खेती कर बेहतर मुनाफा कमाएं किसानहरी खाद के लाभ हरी खाद न केवल जमीन को पोषण देता है, बल्कि रबी फसलों के बाद खाली खेत का सही उपयोग भी सुनिश्चित करता है। इसको लेकर गर्मियों में मूंग और ढैंचा की खेती मिट्टी के स्वास्थ्य को सुधारने और उर्वरता बढ़ाने के लिए प्राकृतिक तरीका को अपनाने के लिए केवीके परसौनी के मृदा विशेषज्ञ...
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