हरिद्वार, जुलाई 31 -- मेरठ-प्रयागराज गंगा एक्सप्रेस-वे को हरिद्वार से जोड़ने की प्रस्तावित योजना का जिले में विरोध शुरू हो गया है। जमालपुर कलां, सराय और आसपास के कई गांवों के किसानों ने उपजाऊ कृषि भूमि अधिग्रहित किए जाने का विरोध किया है, किसानों ने कहा कि वे अपनी जमीन नहीं देंगे। किसानों का कहना है कि विकास जरूरी है, लेकिन खेती और आजीविका की कीमत पर नहीं। किसानों का कहना है कि उनकी अधिकांश जमीन सिंचित और अत्यंत उपजाऊ है। यदि इसका अधिग्रहण किया गया तो बड़ी संख्या में किसान परिवारों की आजीविका प्रभावित होगी। भविष्य में कई परिवार भूमिहीन होने की स्थिति में पहुंच जाएंगे। उनका कहना है कि सरकार को परियोजना का ऐसा विकल्प तलाशना चाहिए, जिससे खेती पर असर न पड़े। यह भी पढ़ें- अमरोहा-हरिद्वार एक्सप्रेसवे : 10 गांव बाहर, अब 52 गांवों की जमीन होगी अध...