नई दिल्ली, सितम्बर 5 -- सुहागिन महिलाओं के लिए हरतालिका तीज आस्था और सौभाग्य का बड़ा पर्व माना जाता है। इस दिन पति की लंबी आयु, अखंड सुहाग और सुखी दांपत्य की कामना से निर्जला व्रत रखा जाता है। हरतालिका तीज पर लगभग 24 घंटे अन्न-जल का त्याग कर शिव और पार्वती की पूजा की जाती है। इस बार यह पर्व और भी खास इसलिए है कि तीज के दिन गणेश चतुर्थी भी पड़ रही है। ऐसे में एक ही दिन पूरे शिव परिवार की आराधना का योग बन रहा है।हरतालिका तीज और गणेश चतुर्थी पंचांग के अनुसार, हरतालिका तीज 14 सितंबर 2026, सोमवार को है। उसी दिन गणेश चतुर्थी भी मानी जा रही है। ऐसा संयोग बार-बार नहीं बनता है। माता पार्वती, भगवान शिव और प्रथम पूज्य गणेश जी की पूजा एक साथ होने से इस दिन का महत्व बढ़ जाता है। जो महिलाएं दोनों पर्व मानती हैं, उनके लिए यह तिथि और भी ज्यादा महत्वपूर्ण...