चेन्नई, दिसम्बर 5 -- तमिलनाडु के तिरुपरमकुंद्रम में एक दरगाह के निकट स्थित सुब्रमणिय स्वामी मंदिर में 'कार्तिगई दीपम' से जुड़ा मुद्दा सुर्खियों में आ गया है। राज्य सरकार जहां मद्रास हाई कोर्ट के दीप जलाने के आदेश के खिलाफ सुप्रीम कोर्ट पहुंची है, और सुप्रीम कोर्ट ने इस पर सुनवाई के लिए अपनी सहमति दी है, वहीं गुरुवार को यह मामला संसद में भी उठा, जब द्रमुक के वरिष्ठ नेता टी आर बालू ने हाई कोर्ट के जज के खिलाफ टिप्पणी की। बालू ने लोकसभा में शून्यकाल के दौरान यह विषय उठाया और भारतीय जनता पार्टी का नाम लिए बिना आरोप लगाया कि एक दल द्वारा सांप्रदायिक टकराव की स्थित पैदा की जा रही है। उन्होंने इस मामले में फैसला देने वाले जज को एक संगठन से जोड़कर उनका उल्लेख भी किया। इस पर सदन में हंगाना शुरू हो गया। शुक्रवार को मद्रास हाई कोर्ट ने भी इस मामले क...
Click here to read full article from source
इस लेख के रीप्रिंट को खरीदने या इस प्रकाशन का पूरा फ़ीड प्राप्त करने के लिए, कृपया
हमे संपर्क करें.