औरंगाबाद, जुलाई 28 -- व्यवहार न्यायालय, औरंगाबाद के प्रधान जिला एवं सत्र न्यायाधीश राजीव रंजन कुमार ने बंदेया थाना कांड संख्या-17/2020 में सुनवाई पूरी करते हुए तीन अभियुक्तों को भारतीय दंड संहिता की धारा 324 के तहत दोषी करार दिया। लोक अभियोजक ने बताया कि बन्देया थाना के सुगी बेला निवासी शिवनंदन यादव, राजनंदन यादव एवं श्यामनंदन यादव को दोषसिद्धि के बाद न्यायालय ने परिवीक्षा अधिनियम का लाभ प्रदान किया। न्यायालय ने तीनों अभियुक्तों को चेतावनी एवं फटकार लगाते हुए एक वर्ष तक शांति एवं सदाचार बनाए रखने के बंधपत्र पर रिहा करने का आदेश दिया। जानकारी के अनुसार सूचक रघुनंदन यादव और अभियुक्त आपस में गोतिया हैं। आरोप है कि 7 अगस्त 2020 को अभियुक्तों रघुनंदन यादव पर खतरनाक हथियार से हमला कर चोट पहुंचाने का प्रयास किया था, जिसके बाद बंदेया थाना में प्र...