मुजफ्फरपुर, जून 21 -- मुजफ्फरपुर, हिन्दुस्तान प्रतिनिधि। स्वर्ण व्यवसायी दीपक कुमार हत्याकांड की गुत्थी सुलझाने के लिए पुलिस और एसआईटी पूरी ताकत से जुट गई हैं। इस हाई-प्रोफाइल मामले में पुलिस का शक हाल के महीनों में जेल से बाहर आए अपराधियों पर गहरा गया है। पुलिस मुजफ्फरपुर और वैशाली जिले के ऐसे 10-10 शूटरों की कुंडली खंगाल रही है, जो हाल ही में जमानत पर छूटे हैं।पुलिस जांच में सामने आया है कि अपराधियों ने इस वारदात को एक साल पहले धर्मेंद्र लूटकांड के पैटर्न पर ही अंजाम दिया है। अपराधियों ने दीपक कुमार को घेरकर बिल्कुल उसी अंदाज में गोली मारी। पुलिस का मानना है कि बिना किसी स्थानीय लाइनर के वारदात को अंजाम देना नामुमकिन था। मामले के वैज्ञानिक अनुसंधान के लिए पुलिस डिजिटल फिंगरप्रिंट बैंक का सहारा ले रही है।इधर, सिटी एसपी मोहिबुल्ला अंसारी ...