हाथरस, जुलाई 31 -- परिषदीय विद्यालयों में पढ़ने वाले विद्यार्थियों को डिजिटल शिक्षा के तहत स्मार्ट कक्षाओं के जरिए ज्ञान शिक्षकों के स्तर से दिया जाता है। अब स्मार्ट कक्षाओं के जरिए कितना ज्ञान विद्यार्थियों ने हासिल किया। इसका आंकलन विभागीय अधिकारियों के स्तर से किया जाएगा। जनपद में संचालित बेसिक शिक्षा विभाग के उच्च प्राथमिक,पीएम श्री और मॉडल परिषदीय विद्यालयों में छात्र छात्राओं को बेहतर पढ़ाई का माहौल मिल सके। इसके लिए शासन स्तर से निरंतर प्रयास किए जा रहे है। इसके लिए हर साल करोड़ों रुपये का बजट शासन की ओर से खर्च किया जाता है। सीबीएसई बोर्ड के स्कूलों की तर्ज पर परिषदीय विद्यालयो में पढ़ने वाले विद्यार्थियों को डिजिटल शिक्षा का लाभ मिल सके। यह भी पढ़ें- Shamli News: स्मार्ट क्लास और कूप्यटर लैब पर लाखों खर्च, डिजीटल शिक्षा का सपना अ...