आगरा, जून 24 -- भगवान जगन्नाथ के प्राकट्योत्सव को लेकर कार्यक्रम की तैयारियां शुरू हो गयी हैं। इसी क्रम में बैठक का आयोजन किया गया। अध्यक्ष अरविंद प्रभु ने बताया कि स्नान पूर्णिमा महोत्सव 29 जून को मनाया जाएगा। सनातन वैष्णव परंपरा के अनुसार स्नान पूर्णिमा के अवसर पर भगवान श्री जगन्नाथ, बलदेव और सुभद्रा महारानी का महाअभिषेक सैकड़ों कलशों से कराया जाएगा। श्रद्धालुओं को भी भगवान के अभिषेक में सहभागी बनने का अवसर मिलेगा। मान्यता है कि महाअभिषेक के पश्चात भगवान जगन्नाथ अस्वस्थ हो जाते हैं और विश्राम के लिए एकांत में चले जाते हैं। इसी परंपरा के अंतर्गत स्नान यात्रा के बाद भगवान 15 दिनों तक भक्तों को प्रत्यक्ष दर्शन नहीं देते। यह भी पढ़ें- श्री जगन्नाथ स्वामी मंदिर में सुंदरकांड पाठ किया गया इस अवधि को अनवसर या अनासार काल कहा जाता है। 29 जून को ...