देहरादून, फरवरी 5 -- राज्य में स्कूली बच्चों के सुरक्षित आवागमन को लेकर उत्तराखंड बाल अधिकार संरक्षण आयोग ने सख्त रुख अपनाया है। आयोग की अध्यक्ष डॉ. गीता खन्ना की अध्यक्षता में गुरुवार को इस विषय पर एक महत्वपूर्ण समीक्षा बैठक आयोग कार्यालय में हुई। आयोग अध्यक्ष डॉ. गीता खन्ना ने कहा कि कई ऐसे निजी वाहन, जैसे वैन, ऑटो, ई-रिक्शा व विक्रम स्कूलों द्वारा अधिकृत किए बिना बच्चों को लाने-ले जाने का कार्य कर रहे हैं, जो सुरक्षा की दृष्टि से गंभीर विषय है। ऐसे सभी निजी वाहनों को आरटीओ से अनापत्ति प्रमाण पत्र लेने, उनका नियमित सत्यापन कराने तथा ड्राइवरों का पूरा विवरण और मानसिक स्थिति की जांच रिपोर्ट स्कूलों में सुरक्षित रखने के निर्देश दिए गए। उन्होंने निजी स्कूल वाहनों की पहचान के लिए 'येलो स्ट्रिप' लगाने का सुझाव भी दिया, जिससे यह स्पष्ट हो सके ...
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