वाराणसी, अप्रैल 25 -- वाराणसी। सोसाइटी फॉर एक्जिमा स्टडीज (एसईसी) की ओर शनिवार को मलदहिया स्थित होटल में कंटिन्यूइंग मेडिकल एजुकेशन (सीएमई) का आयोजन किया गया। त्वचा रोग विशेषज्ञ डॉ. सुशील पांडेय ने कहा कि एक्जिमा (खाज) सूजन वाला स्कीन रोग है। वैश्विक स्तर पर क्रमश : 10 और 20 फीसदी वयस्क एवं बच्चे इससे पीड़ित हैं। देश में इसकी प्रसार दर 0.98 से 9.2 प्रतिशत है। कहा कि पर्यावरणीय बदलाव से रोग तेजी से फैलता है। एसईसी अध्यक्ष डॉ. संदीपन धर ने कहा कि शोध, जागरूकता और सहयोगी क्लिनिकल शिक्षा के जरिए मरीजों को राहत दिलाई जा रही है। विशेषज्ञों ने रोग नियंत्रण और गंभीर मामलों के प्रभावी प्रबंधन में चुनौतियों का उल्लेख किया। यह भी पढ़ें- जलवायु संकट से बढ़ रहा किडनी रोग का खतरा डॉ. मंजुनाथ शेनॉय, डॉ. राजीव शर्मा, डॉ. सुशील तहिलियानी, डॉ. अभिषेक डे, ड...
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