जयपुर, मई 26 -- राजस्थान हाई कोर्ट ने बच्चों के साथ यौन उत्पीड़न और ऑनलाइन स्टॉकिंग के एक आरोपी को बड़ी राहत देते हुए जमानत दे दी है। हालांकि इसके लिए एक शर्त भी रखी है। कोर्ट ने अपने आदेश में कहा कि आरोपी को इसी शर्त पर राहत मिलेगी कि वह एक साल तक सोशल मीडिया का इस्तेमाल नहीं करेगा। आरोपी 24 फरवरी से पुलिस हिरासत में था। कोर्ट ने आगाह किया कि अगर आरोपी ने नाम बदलकर भी सोशल मीडिया का इस्तेमाल किया तो उसकी जमानत रद्द हो जाएगी। कोर्ट ने कहा कि याचिकर्ता एक साल तक किसी भी सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म का इस्तेमाल नहीं कर सकता। अगर पता चला है कि वह किसी अलग नाम से या अलग इमेल आईडी से सोशल मीडिया का इस्तेमाल कर रहा है तो उसकी जमानत रद्द हो जाएगी। राजस्थान की बिकानेर पुलिस ने फरवरी में आरोपी को गिरफ्तार किया था। पुलिस ने बीएनएस की धारा 78(2) ऑनलाइन स्...