चतरा, फरवरी 3 -- गिद्धौर प्रतिनिधि । प्रखंड क्षेत्र के बरटा गांव निवासी सत्यदेव उपाध्याय को जिला शिक्षा अधीक्षक कार्यालय में सेवानिवृति के बाद भावभीनी विदाई दी गयी। सत्यदेव शिक्षा जगत में सेवा, अनुशासन और समर्पण का जीवंत उदाहरण रहे हैं। साधारण परिवार से निकलकर उन्होंने परिश्रम और निष्ठा के बल पर एक आदर्श शिक्षक के रूप में अपनी अलग पहचान बनाई। उनका जीवन यह संदेश देता है कि सच्ची लगन और ईमानदारी से किसी भी लक्ष्य को प्राप्त किया जा सकता है। सत्यदेव उपाध्याय ने अपने शिक्षकीय जीवन की शुरुआत निजी विद्यालय से की। सीमित संसाधनों के बावजूद बच्चों को गुणवत्तापूर्ण शिक्षा देना उनका उद्देश्य रहा। 27 दिसंबर 2003 को वे प्रतापपुर प्रखंड के प्राथमिक विद्यालय गोमे में सरकारी शिक्षक के रूप में नियुक्त हुए। इसके बाद प्राथमिक विद्यालय डुमरी में सेवा देने के...
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