सूंघने की ताकत से तस्करों में खौफ बना जांबाज स्वान लूडो रिटायर, विदाई
महाराजगंज, जून 10 -- महराजगंज, हिन्दुस्तान टीम। भारत-नेपाल सीमा पर मादक पदार्थों की तस्करी रोकने में अहम भूमिका निभाने वाले 66वीं वाहिनी सशस्त्र सीमा बल के जांबाज नारकोटिक्स डिटेक्शन स्वान लूडो को सेवा अवधि पूर्ण होने पर विदाई दी गई। वाहिनी मुख्यालय दोमुहाना घाट में आयोजित समारोह में अधिकारियों और जवानों ने लूडो को विदाई देते हुए उसके योगदान को याद किया।जर्मन शेफर्ड नस्ल का स्वान लूडो अपनी तीव्र सूंघने की क्षमता और अनुशासित कार्यशैली के लिए जाना जाता था। करीब तीन वर्ष पूर्व 66वीं वाहिनी में शामिल हुए लूडो ने सेवा अवधि के दौरान मादक पदार्थों की बरामदगी से जुड़े कई महत्वपूर्ण अभियानों में सक्रिय भूमिका निभाई। कमांडेंट जगदीश प्रसाद धावाई ने कहा कि लूडो केवल एक स्वान नहीं, बल्कि वाहिनी का गौरवशाली सिपाही था। उसने देश को नशीले पदार्थों के खतरे...
Click here to read full article from source
इस लेख के रीप्रिंट को खरीदने या इस प्रकाशन का पूरा फ़ीड प्राप्त करने के लिए, कृपया
हमे संपर्क करें.