वाराणसी, जनवरी 24 -- वाराणसी, कार्यालय संवाददाता। लमही स्थित सुभाष मंदिर में शुक्रवार को नेताजी सुभाष चन्द्र बोस का जन्मोत्सव मनाया गया। मुख्य अतिथि राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ के अखिल भारतीय कार्यकारिणी सदस्य इन्द्रेश कुमार ने 23 किलोग्राम की माला अर्पित कर आरती की। 23 नारियल फोड़कर मशाल जलाई और महोत्सव के शुभारंभ की घोषणा की। उन्होंने कहा कि सुभाष के होने न होने का फर्क देश को दिख गया। सुभाष कभी भी अखण्ड भारत के कम कुछ भी मानने को तैयार नहीं थे और अंग्रेज देश को बांटना चाहते थे। इसलिए अंग्रेजों ने सुभाष को कांग्रेस के नेताओं से नजरअंदाज करवाया। इस वर्ष का नेताजी सुभाष चन्द्र बोस राष्ट्रीय शिक्षा पुरस्कार मौनी दास इंटर कॉलेज ग़ाज़ीपुर की प्रधानाचार्य अंकिता यादव को मुख्य अतिथि इन्द्रेश कुमार ने दिया। क्वानकीडो के 37 खिलाड़ियों को प्रशस्ति पत्र द...
Click here to read full article from source
इस लेख के रीप्रिंट को खरीदने या इस प्रकाशन का पूरा फ़ीड प्राप्त करने के लिए, कृपया
हमे संपर्क करें.