सुपौल, फरवरी 1 -- सुपौल, हिन्दुस्तान संवाददाता। संसद में पेश हुए आम बजट 2026 ने बिहार की राजनीति से लेकर आम जनजीवन तक में तीखी बहस छेड़ दी है। वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण ने लगातार नौवीं बार बजट पेश करते हुए भारत को वर्ष 2047 तक विकसित राष्ट्र बनाने का महत्वाकांक्षी रोडमैप जरूर रखा, लेकिन इस दौरान बिहार का नाम एक बार भी न लिया जाना चौंकाने वाला रहा। 85 मिनट लंबे बजट भाषण में जहां अर्थव्यवस्था, टैक्स सुधार, इंफ्रास्ट्रक्चर, स्टार्टअप, एमएसएमई और निवेश पर जोर दिखा, वहीं बिहार जैसे बड़े और पिछड़े राज्य की अनदेखी ने कई सवाल खड़े कर दिए। पिछले दो वर्षों में जिन बजट भाषणों में बिहार का बार-बार उल्लेख हुआ था, उसी राज्य का नाम इस बार पूरी तरह गायब रहा। केवल राजधानी पटना का नाम दो बार लिया गया, वह भी सीमित संदर्भ में। ऐसे में सवाल उठ रहा है कि क्या ब...
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