सुपौल, अप्रैल 19 -- सरायगढ़, निज संवाददाता। शाहपुर पृथ्वीपट्टी पंचायत के रामनगर से सहरसा जाने वाली उप शाखा नहर का पुल इन दिनों 'मौत का पुल' बन चुका है। करीब 50-60 वर्ष पूर्व बना यह पुल अब पूरी तरह जर्जर हो चुका है, लेकिन इसके बावजूद रोज सैकड़ों लोग अपनी जान जोखिम में डालकर इसी रास्ते से गुजरने को मजबूर हैं। ग्रामीणों का कहना है कि पुल से भारी वाहन गुजरते ही यह हिलने लगता है, जिससे किसी भी समय बड़ी दुर्घटना की आशंका बनी रहती है। यह पुल झिल्लाडुमरी, शाहपुर पृथ्वीपट्टी, छिटही हनुमान नगर समेत कई गांवों को सिमराही बाजार से जोड़ने वाला एकमात्र प्रमुख मार्ग है। यह भी पढ़ें- तिलक में शामिल होने जा रहे शिक्षक की सोन पुल से गिरकर हुई मौत, प्रादेशिक ऐसे में स्कूली बच्चे, किसान, मरीज और दैनिक यात्री सभी इसी रास्ते पर निर्भर हैं। लेकिन पुल की जर्जर स्थिति...