सुपौल, अप्रैल 5 -- त्रिवेणीगंज, निज प्रतिनिधि। कोसी-सीमांचल क्षेत्र के किसानों की मुख्य नकदी फसल के रूप में शुमार मक्का इन दिनों प्रकृति और मौसमी गंभीर संकट से जूझ रही है। मौसम में अचानक आए बदलाव,आंधी तूफान के कारण बर्बाद हो चुके मक्का की फसल पर इल्ली नामक कीट का व्यापक प्रकोप देखा जा रहा है, जिससे किसानों की चिंता बढ़ गई है। किसानों के अनुसार, इल्ली नामक कीट मक्का के पौधों के तने और भुट्टे (गाभा) को नुकसान पहुंचा रहा है। कई क्षेत्रों में फसल सूखने लगी है, जबकि कई खेतों में पूरी फसल नष्ट होने की कगार पर है। समय रहते नियंत्रण नहीं होने पर किसानों को भारी आर्थिक क्षति झेलनी पड़ सकती है। अनुमंडल के दपरखा, मचहा, पिलुआहा, हरिहरपट्टी, ओरलाहा, गोनहा, सिमरिया, छातापुर, रामपुर झखड़गढ़, चुन्नी, सोहटा, जड़िया, बघेली सहित अनुमंडल की दर्जनों पंचायतों म...
Click here to read full article from source
इस लेख के रीप्रिंट को खरीदने या इस प्रकाशन का पूरा फ़ीड प्राप्त करने के लिए, कृपया
हमे संपर्क करें.