सुपौल, अप्रैल 19 -- सुपौल, हिन्दुस्तान संवाददाता। सूबे में नवजात से लेकर 12 साल तक के बच्चों के स्वास्थ्य की सटीक स्थिति जानने के लिए स्वास्थ्य विभाग ने व्यापक हेल्थ ऑडिट की तैयारी शुरू कर दी है। इसके तहत सभी जिलों से अस्पतालों में जन्म के तुरंत बाद की जाने वाली स्क्रीनिंग की रिपोर्ट मांगी गई है। साथ ही आंगनबाड़ी केंद्रों और सरकारी स्कूलों में पढ़ने वाले बच्चों की जांच से संबंधित डेटा भी जुटाया जाएगा। इस अभियान का उद्देश्य बच्चों में जन्मजात दोषों और गंभीर बीमारियों की समय रहते पहचान कर उन्हें बेहतर इलाज उपलब्ध कराना है। विभाग यह भी आकलन करेगा कि कितने बच्चों को समय पर उपचार मिल सका और कितनों को उच्च संस्थानों में रेफर करना पड़ा। यह भी पढ़ें- आदेश: पेन नंबर के अभाव में बाधित नहीं होगा बच्चे का नामांकन इससे स्वास्थ्य सेवाओं की वास्तविक स्थिति...