सुपौल : प्रकृति की सेवा ही सबसे बड़ी सेवा
सुपौल, अगस्त 12 -- छातापुर,एक प्रतिनिधि। निसर्ग मानव फाउंडेशन की पहली कार्यकारिणी की बैठक अध्यक्ष धर्मशीला देवी के प्रखंड मुख्यालय स्थित आवास पर संपन्न हुई। बैठक में वक्ताओं ने कहा कि आत्मकेंद्रित सोच और अंधाधुंध विकास के कारण आज जल, वायु और मिट्टी प्रदूषित हो रही है। जिससे बाढ़, सूखा और जलवायु परिवर्तन जैसी समस्याओं का सामना करना पड़ रहा है। यह भी पढ़ें- नीम के बीज से हरियाली बढ़ाने की पहलबैठक में लिए गए निर्णय फाउंडेशन के उपसचिव एवं युवा उद्यमी विजय प्रकाश ने कहा कि प्रकृति की सेवा सबसे बड़ी सेवा है। हमारी संस्था की पहली प्राथमिकता ग्रामीण क्षेत्र के कुशल एवं अकुशल बेरोजगार युवाओं को रोजगार उपलब्ध कराना है। इसके साथ ही पूरे बिहार में पर्यावरण संरक्षण, शिक्षा और महिला सशक्तिकरण के लिए कार्य विस्तार किया जाएगा। वहीं धर्मशीला देवी ने सदस्य...
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