सुपौल, जून 19 -- सुपौल, हिन्दुस्तान संवाददाता। खरीफ सीजन की शुरुआत के साथ डीजल की बढ़ती कीमतों ने किसानों की चिंता बढ़ा दी है। डीजल के दाम बढ़ने का सीधा असर खेती-किसानी पर पड़ रहा है। खेतों की जुताई, बुआई, रोपाई, सिंचाई और खाद-बीज की ढुलाई तक का खर्च बढ़ गया है। किसानों का कहना है कि पिछले साल की तुलना में इस बार धान की खेती पर प्रति एकड़ दो से तीन हजार रुपये तक अतिरिक्त खर्च आ रहा है। इससे खेती की लागत बढ़ने के साथ किसानों का मुनाफा घटने की आशंका भी बढ़ गई है। जिले में खरीफ फसलों की खेती बड़े पैमाने पर की जाती है। किसानों के अनुसार डीजल की कीमतों में हाल के दिनों में कई बार हुई वृद्धि का असर खेती के लगभग हर चरण पर दिखाई दे रहा है।

किसानों की चिंताएँ खेत तैयार करने के लिए ट्रैक्टर से जुताई कराना पहले की तुलना में महंगा हो गया है। इसके अलावा बारिश...